मेरा किरदार


तेरे ख्याल में रहकर ख्वाब बुनने लगा
मेरा किरदार ही मुझसे उलझने लगा।

मोम बनकर बसर करता था वो मुझमें
ज़रा सी आंच पाई फिर वो जलने लगा।

यारों! मीलों का सफ़र था उसका मेरा
सूरज की तरफ देखा तो वो ढलने लगा।

मीलों का सफर था उतना ही है फासला
हाथ छुड़ाकर हमसे दूर है चलने लगा।

तुझको मैं ज़रा ज़रा सा भूलने हूं लगा
मेरा किरदार ही मुझसे उलझने लगा।

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